शब्द सांचा, पींड काचा। राजगुरु का बचन जुग जुग साचा। उस पात्र का जल २४ घण्टे बाद किसी वृक्ष पर चढ़ा दें। ऊँ ह्रीं श्रीं चामुण्डा सिंहवाहिनी बीसहस्ती भगवती रत्नमण्डित सोनन की माल । साधना के समय जल का लोटा अपने पास रखें। कुछ नया जानने और सीखने की जादुई https://ralphf789tng3.blogsmine.com/profile